देश के कई हिस्सों में मौसम का मिजाज तेजी से बदल रहा है। चक्रवाती तूफान ‘अर्नब’ के प्रभाव से अलग-अलग राज्यों में बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है। मौसम विभाग ने शुक्रवार को पश्चिम बंगाल, बिहार, झारखंड और छत्तीसगढ़ के कई इलाकों में भारी बारिश को लेकर चेतावनी जारी की है। वहीं, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड के पहाड़ी क्षेत्रों में बारिश के साथ बर्फबारी होने की आशंका जताई गई है। मौसम में आए इस बदलाव का असर अब तापमान पर भी दिखाई देने लगा है। उत्तर भारत के कई राज्यों में सुबह और शाम के समय ठंड महसूस होने लगी है।
बारिश और बर्फबारी से बदलेगा मौसम
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक, बंगाल, बिहार, झारखंड और छत्तीसगढ़ में कुछ स्थानों पर तेज बारिश हो सकती है। लगातार बदलती मौसमी परिस्थितियों के चलते इन राज्यों में लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है। दूसरी ओर, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड के ऊंचाई वाले इलाकों में बारिश के साथ बर्फ गिरने की संभावना है। पहाड़ों पर होने वाली बर्फबारी का असर आसपास के मैदानी क्षेत्रों के तापमान पर भी पड़ सकता है।
बारिश और ठंडी हवाओं के कारण उत्तर भारत में मौसम पहले के मुकाबले काफी ठंडा हो गया है। उत्तर प्रदेश, बिहार और दिल्ली सहित कई राज्यों में सुबह घरों से निकलने वाले लोगों को हल्की ठंड का एहसास हो रहा है। वहीं, रात के समय तापमान में गिरावट के चलते मौसम और ज्यादा ठंडा हो रहा है। यही वजह है कि लोगों ने अब एसी और पंखों का इस्तेमाल भी कम करना शुरू कर दिया है।
बंगाल की खाड़ी में मौसमी हलचल, कई राज्यों पर असर
मौसम में हो रहे बदलाव के पीछे बंगाल की खाड़ी और अंडमान सागर के आसपास विकसित हो रही मौसमी प्रणाली को भी अहम माना जा रहा है। मौसम विभाग के अनुसार, इन क्षेत्रों में एक नया मौसमी सिस्टम सक्रिय हुआ है, जिसके पश्चिम-उत्तर-पश्चिम दिशा में आगे बढ़ते हुए आंध्र प्रदेश के तट की ओर जाने की संभावना है।
इस सिस्टम के प्रभाव से देश के विभिन्न हिस्सों में मौसमी गतिविधियां तेज हो सकती हैं। इसका असर उत्तर भारत के कई राज्यों में भी देखने को मिल सकता है, जहां बारिश होने की संभावना जताई गई है।
आने वाले दिनों में बढ़ सकती है ठंड
मौसम में लगातार बदलाव और बारिश के चलते आने वाले दिनों में ठंड का असर और बढ़ सकता है। खासकर सुबह और रात के समय तापमान में गिरावट लोगों की परेशानी बढ़ा सकती है। पहाड़ी इलाकों में बर्फबारी होने से ठंडी हवाओं का प्रभाव मैदानी क्षेत्रों तक पहुंचने की संभावना भी बनी हुई है।
ऐसे में मौसम विभाग के पूर्वानुमान पर नजर रखना जरूरी है। बारिश प्रभावित क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को सावधानी बरतने और पहाड़ी इलाकों की यात्रा करने वालों को मौसम की स्थिति देखकर ही आगे बढ़ने की सलाह दी जाती है।