केदारनाथ पैदल मार्ग पर शनिवार को छौड़ी के पास पहाड़ी से भारी मलबा और बड़े-बड़े बोल्डर (चट्टानें) गिर गए। इस भूस्खलन के कारण यह पूरा रास्ता बेहद संवेदनशील और खतरनाक हो गया है। श्रद्धालुओं की सुरक्षा को सर्वोपरि रखते हुए प्रशासन ने एहतियात के तौर पर यात्रियों को इस प्रभावित इलाके की तरफ आगे बढ़ने से रोक दिया है।
यात्रियों को सुरक्षित स्थानों पर रोकने के निर्देश
बिगड़ते हालात और खतरे को देखते हुए यात्रा प्रबंधन बल की टीम को तुरंत एक्शन में लाया गया है। टीम को घोड़ा पड़ाव पर तैनात कर दिया गया है, जो वहां पहुंचने वाले तीर्थयात्रियों को आगे जाने से रोक रही है। किसी भी अप्रिय घटना या हादसे से बचने के लिए प्रशासन यात्रियों को सुरक्षित स्थानों पर ही ठहरने की सलाह दे रहा है। मार्ग साफ होने और स्थिति सामान्य होने के बाद ही यात्रा को दोबारा सुचारू किया जाएगा।
प्रशासन ने केदारनाथ जाने वाले सभी तीर्थयात्रियों से अपील की है कि वे रास्ता पूरी तरह सुरक्षित घोषित होने तक धैर्य बनाए रखें। सभी यात्रियों से अनुरोध किया गया है कि वे वहां तैनात सुरक्षाकर्मियों और स्थानीय प्रशासन द्वारा दिए जा रहे दिशा-निर्देशों का सख्ती से पालन करें। मार्ग से मलबा हटाने और स्थिति सामान्य होने के बाद ही श्रद्धालुओं को आगे की यात्रा शुरू करने की इजाजत दी जाएगी।